• सम्बद्ध श्रम संविदा समितियों द्वारा लिए गए ठेको को पूरा कराने में सहायता प्रदान करना, सदस्य श्रम समितियों के लिए उपर्युक्त तथा लाभप्रद व्यवसाय का प्रबन्ध का उन्हें उपलब्ध कराना है।
      • सम्बद्ध श्रम संविदा समिति के उद्देश्यों की पूर्ति के लिए उपकरण ,संयंत्र, मशीन, औजार आदि आवश्यकतानुसार उपलब्ध कराना है।सम्बद्ध श्रम संविदा समितियों के सदस्यों एवं कर्मचारियों को उनसे सम्बद्ध समितियों के धन्धो में प्रशिक्षित करके उनकी कार्य कुशलता तथा दक्षता बढ़ाना।
      • अपने उद्देश्यों की पूर्ति करने व व्यवसाय को यथोचित ढंग से संचालित करने हेतु सदस्य श्रम संविदा समितियों या अन्य सहकारी संस्थाओ में अंशधन प्राप्त करना ।
      • श्रम संविदा समितियों के आवश्यकता के अनुसार निर्माण कार्यो के आदर्श ड्राइंग, डिजाइन, प्राकलन आदि तैयार कराकर उन्हें उपलब्ध कराना।
      • ऐसे अन्य उपाय करना जो उपर्युक्त उद्देश्यो की पूर्ति में सहायक तथा अनुषांगिक हो।
      • सरकारी एवं सहकारी संस्थाओ, सार्वजनिक संस्थाओ से किसी भी प्रकार के निर्माण कार्य या मरम्मत के लिए उपकरण, संयंत्र या श्रमिक आदि की पूर्ति करने के लिए संविदा लेकर उसे स्वयं या सदस्यों के माध्यम से कार्यान्वित करना।